छत्तीसगढ़

स्कूल ग्राउंड बना ठेकेदारो का बिल्डिंग..! मटेरियल के फैलने से स्कूलीय छात्र छात्राओं को परेशानी प्रशासन मौन

By: रोहन सिन्हा डोंगरगढ़
2018-12-01 09:03:38 AM
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स्कूल ग्राउंड बना ठेकेदारो का बिल्डिंग..! मटेरियल के फैलने से स्कूलीय छात्र छात्राओं को परेशानी प्रशासन मौन

डोंगरगढ़ : पुराने बस स्टैण्ड स्थित नगर का एक मात्र शासकीय उच्चतर माध्यमिक विद्यालय डोंगरगढ़ को कौन नही जानता जो अपने आप मे एक इतिहास गढ़ते आ रहा है और न जाने कितने ही युवा पढ़ लिख कर एक मुकाम हासिल कर चुके है।

देखकर बढ़ा ही आश्चर्य लगता है कि  जिस विद्यालय ने कलेक्टर नेता मंत्री सांसद का उदभव हुआ आज इसकी दयनीय स्थिति देखकर अपने आप मे आत्म ग्लानि होती है।की आज वही प्रशानिक अधिकारी अपने दायित्वों से पीछे हटती नजर आज रही है।आज तथाकथित ठेकेदारों के बिल्डिंग मटेरियल रखने का अड्डा और संग्रहण केन्द्र बना हुआ है जहाँ पर रेत, गिट्टी मिट्टी का भंडारण कर अपने ठेका स्थल पर इसी जगह से सप्लाई किया (भेजा)जाता है अवैध अनियंत्रित ढंग से रखी गई है सूत्रों की और संस्था प्रमुख की माने तो किसी राकेश अग्रवाल का होना बताया जा रहा है इस सम्बंध में जब संस्था प्रमुखनारंग सर से बात की गई कि तो बताया गया कि जितने भू भाग में बिल्डिंग मटेरियल रखी गई है वह नगर पालिका की हद में (एरिया) आता है इसके प्रति मेरी कोई जवाब दारी नही बनती आप नगर पालिका

अधिकारी से संवाद करे ।जबकि अज्ञात व्यक्ति पालक की माने तो अध्यन करने आने वाले छात्र छात्राओं को मटेरियल के बिखराव से पहले पैरो में गिट्टी के चुभने का और असहनीयदर्द का सामना करना पड़ा ।

          इस सम्बंध में जब नगर पालिका अधिकारी से बात की गई तो

उन्होंने बताया कि पूरा का पूरा स्कूल ग्राउंड के अन्तर्गत आता है इस संबंध में आज पर्यन्त तक संस्था प्रमुख द्वारा किसी प्रकार से शिकायत या कार्यवाही की पहल नही की गई यह बात भी 

सामने आई कि ग्राउंड में फुटबॉल खेल हेतु लगाई गई गोल कीपर पोल को भी मटेरियल संग्रह के अंतर्गत क्षति पहुचाई गई इस पर संस्था प्रमुख ने कार्यवाही हेतु प्रशासन को पत्र लिखे

जाने की जानकारी दी लेकिन आज 

महीनों बीत जाने के बावजूद आज तक उक्त पोल को दुरुस्त नही कराया  गया।

इस बात से यह कयास लगाना उचित नही होगा कि संस्था प्रमुख का किसी प्रकार से साठ गाठ होने की संभावना तो नही है। यदि इन आला अधकारियों की माने तो दोनों ही कार्यवाही एवं जिम्मेदारी और कर्तव्यपरायणता से

दूर भागते नजर आए ।ऐसे में ऐसा सोचना गलत नही होगा कि हर प्रकार से अधिकारी ठेकेदार को शय एवं संरक्षण देते नजर आ रहे है।

        जबकि यह भी सुनने में आया कि आगामी 30 नवम्बर को संकुल स्तरीय खेल प्रतियोगिता का आयोजन

इसी ग्राउंड में होना है ऐसे में ऐसी लापवाही समझ से परे नजर आ रही है।पुनः कहना पड़ रहा है कि आखिर क्यों शासन प्रशासन के आला अधिकारी को बीना समाचार शिकायत

या किसी प्रकार से कुछ होने के अंदेशा का इंतजार रहता है जनता से जुड़े होने के बावजूद अपने कर्तव्य का निर्वहन क्यो नही किया जाता।

       ऐसे में आम जनता इन अधिकारियों से किस प्रकार से किसी कार्यवाही या सुरक्षा संरक्षण सुविधा की आशा रखे।

बहरहाल देखना यह है कि आखिर कब तक इस ओर आला अधिकारियों द्वारा अपने कर्तव्य का पालन किया जाता है और संबंधित ठेकेदार के प्रति क्या कार्यवाही करती है या नहीं ?



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