छत्तीसगढ़

पनामा पेपर में रमन के बेटे का नाम आते ही अखबारों ने नही छापी खबर तो ऐसे अखबारों को पढ़ना बन्द कर देना चाहिए : प्रशांत भूषण

By: डीएनए न्यूज़। छत्तीसगढ़
2018-11-05 09:42:44 AM
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रमन सिंह के बेटे का नाम लिया तो छत्तीसगढ़ के अखबारों ने नहीं छापी खबर, तो सोशल मीडिया में हुई जमकर वायरल

रायपुर 05 नवंबर 2018। शनिवार को सुप्रीम कोर्ट के वरिष्ठ अधिवक्ता प्रशांत भूषण रायपुर में थे। यहां उन्होंने मुख्यमंत्री रमन सिंह के बेटे अभिषेक सिंह बनाम अभिषाक सिंह को लेकर तथ्यों के साथ एक पत्रकार वार्ता की, लेकिन छत्तीसगढ़ की मीडिया ने उनकी खबर नहीं छापी। वही दूसरी तरफ 'ख़बर'  सोशल मीडिया में जमकर वायरल हो रहा है। वायरल पोस्ट में बाकायदा लिखा गया है कि रमन सिंह के बेटे का नाम लिया गया तो छत्तीसगढ़ के अखबारों ने नही छापी ख़बर को लेकर एवं वरिष्ठ पत्रकार रवीश कुमार के शब्द (गोदी मीडिया) को लेकर सोशल मीडिया में जमकर वायरल किया गया है।

वेब न्यूज़ के अनुसार जब वे एक होटल में शहर के सामाजिक कार्यकर्ताओं, पत्रकारों, अधिवक्ताओं से बात कर रहे थे; तभी एक वरिष्ठ अधिवक्ता ने उनसे कहा – आपने पनामा पेपर में रमन सिंह के लड़के को लेकर जो खुलासा किया है वह झकझोर देने वाला तो हैं लेकिन देखिएगा कल छत्तीसगढ़ का कोई भी मीडिया आपकी खबर को नहीं छापेगा।

यहां का मीडिया रमन सिंह की गोद में बैठा हुआ है : प्रशान्त

अधिवक्ता की बात सुनकर उन्होंने कहा- मैं जानता हूं कि यहां का मीडिया भी गोदी मीडिया है। सबको पता है कि किस संपादक को हटाया गया है और एक पत्रकार को कोयम्बटूर क्यों भेजा गया है? यहीं बात उन्होंने वृंदावन के हॉल में आयोजित सभा में भी कहीं। यहां भी उन्होंने तथ्यों के साथ साफ- साफ कहा कि पनामा पेपर में जिस अभिषाक सिंह का नाम आया है वह कोई और नहीं बल्कि रमन सिंह का सगा बेटा ही है।

हमें अखबारों को पढ़ना बंद कर देना चाहिए : प्रशांत भूषण
बहरहाल प्रशांत भूषण की खबरों का ब्लैक आउट करके छत्तीसगढ़ की प्रिंट मीडिया ने अपनी फजीहत करवा ली है। अब कोई भी पेपर हो… हमें अखबारों को पढ़ना बंद कर देना चाहिए। यहां अखबारों के रिपोर्टरों से बातचीत करने पर पता चला कि उन्होंने अपने संपादकों को प्रशांत भूषण की प्रेस वार्ता के बारे में बताया था लेकिन संपादकों ने कह दिया – “कोई फायदा नहीं है। पैकेज मिला है। खुद को फावरफुल बताने वाले अफसर का फोन भी आया है। खबर मत बनाओ। पत्रकारों ने खबर नहीं बनाई।”



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